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मंगलवार, 22 सितंबर 2026

Mission Karmayogi: खेल आधारित स्पर्धा मॉड्यूल पर कार्यशाला, 5 अक्टूबर को लखनऊ पहुंचेंगे शिक्षक

 


Mission Karmayogi: खेल आधारित स्पर्धा मॉड्यूल पर कार्यशाला, 5 अक्टूबर को लखनऊ पहुंचेंगे शिक्षक

लखनऊ। मिशन कर्मयोगी के अंतर्गत खेल विषय पर आधारित स्पर्धा मॉड्यूल के विभिन्न विषयों पर स्क्रिप्ट लेखन के लिए राज्य शैक्षिक अनुसंधान एवं प्रशिक्षण परिषद (SCERT), उत्तर प्रदेश की ओर से विशेष कार्यशाला आयोजित की जाएगी। इस संबंध में परिषद के निदेशक की ओर से 22 सितंबर 2026 को पत्र जारी कर संबंधित जिलों के प्रवक्ताओं और सहायक अध्यापकों को कार्यशाला में प्रतिभाग करने के निर्देश दिए गए हैं। कार्यशाला का आयोजन 5 अक्टूबर 2026 से 9 अक्टूबर 2026 तक लखनऊ के कावेरी सभागार में किया जाएगा। इसके लिए लखनऊ, उन्नाव, हरदोई, मुरादाबाद, प्रयागराज, सीतापुर और आजमगढ़ से कुल सात प्रतिभागियों को नामित किया गया है।

5 से 9 अक्टूबर तक चलेगी कार्यशाला

परिषद की ओर से जारी पत्र के अनुसार मिशन कर्मयोगी के अंतर्गत खेल आधारित स्पर्धा मॉड्यूल के विषयों पर स्क्रिप्ट लेखन के लिए कार्यशाला आयोजित की जा रही है। कार्यशाला 5 अक्टूबर से शुरू होकर 9 अक्टूबर 2026 तक चलेगी। इसमें नामित प्रवक्ताओं और सहायक अध्यापकों को मॉड्यूल से संबंधित विषयों पर कार्य करने के साथ स्क्रिप्ट लेखन की प्रक्रिया में प्रतिभाग करना होगा। इसका उद्देश्य खेल आधारित स्पर्धा मॉड्यूल के लिए उपयोगी और व्यवस्थित शैक्षिक सामग्री तैयार करना है।

इन 7 जिलों से शिक्षक किए गए नामित

कार्यशाला के लिए सात जिलों से प्रवक्ताओं और सहायक अध्यापकों का चयन किया गया है। लखनऊ से श्रीमती आराधना राय, प्रवक्ता शारीरिक शिक्षा को नामित किया गया है। उन्नाव से डॉ. बृजेश कुमार यादव, प्रवक्ता शारीरिक शिक्षा और हरदोई से डॉ. युवराज सिंह, प्रवक्ता शारीरिक शिक्षा को प्रतिभाग करने के लिए चुना गया है। मुरादाबाद से श्रीमती गीतांजलि दत्त, सहायक अध्यापक व्यायाम, जबकि प्रयागराज से श्री अमित कुमार, सहायक अध्यापक शारीरिक शिक्षा को नामित किया गया है। इसके अलावा सीतापुर से श्री अनुपम चौधरी, सहायक अध्यापक और आजमगढ़ से श्री विनय कुमार पाठक, सहायक अध्यापक भी कार्यशाला में शामिल होंगे।

5 अक्टूबर को सुबह 9:30 बजे पहुंचना होगा

परिषद की ओर से नामित सभी प्रतिभागियों को 5 अक्टूबर 2026 को सुबह 9:30 बजे परिषद कार्यालय, लखनऊ में उपस्थित होने के लिए निर्देशित किया गया है। पत्र में संबंधित संस्थानों और विद्यालयों के अधिकारियों से नामित प्रवक्ताओं एवं सहायक अध्यापकों को कार्यशाला में प्रतिभाग करने के लिए कार्यमुक्त करने तथा आवश्यक निर्देश देने को कहा गया है। यानी संबंधित शिक्षक और प्रवक्ता निर्धारित तिथि पर समय से लखनऊ पहुंचकर कार्यशाला में अपनी सहभागिता सुनिश्चित करेंगे।

प्रतिभागियों को लैपटॉप लाने के निर्देश

कार्यशाला को लेकर जारी निर्देश में एक महत्वपूर्ण बात यह भी कही गई है कि सभी प्रतिभागी अपने साथ लैपटॉप अवश्य लेकर आएं। इससे स्पष्ट है कि कार्यशाला में स्क्रिप्ट लेखन और संबंधित सामग्री तैयार करने का कार्य डिजिटल माध्यम से भी किया जाना है। प्रतिभागियों को कार्यशाला के दौरान अपने विषय से संबंधित सामग्री तैयार करने और उसे निर्धारित प्रारूप में विकसित करने के लिए लैपटॉप की आवश्यकता होगी।

आवासीय व्यवस्था भी होगी

कार्यशाला में शामिल होने वाले नामित प्रतिभागियों के लिए आवासीय व्यवस्था किए जाने की भी जानकारी पत्र में दी गई है। चूंकि कार्यशाला 5 अक्टूबर से 9 अक्टूबर तक लगातार चलेगी, इसलिए बाहर से आने वाले प्रतिभागियों के ठहरने की व्यवस्था की जाएगी। संबंधित अधिकारियों को नामित प्रतिभागियों को कार्यशाला में भेजने के लिए आवश्यक कार्रवाई करने के निर्देश दिए गए हैं।

वीडियो शूटिंग के लिए भी निर्देश

जारी पत्र की प्रतिलिपि राज्य शैक्षिक तकनीकी संस्थान, उत्तर प्रदेश, लखनऊ को भी भेजी गई है। इसमें संस्थान से संबंधित कर्मचारियों को वीडियो शूटिंग के लिए निर्देशित करने का अनुरोध किया गया है। इससे कार्यशाला से संबंधित गतिविधियों की रिकॉर्डिंग और आवश्यक डिजिटल सामग्री तैयार किए जाने की संभावना है।

खेल आधारित मॉड्यूल के लिए तैयार होगी स्क्रिप्ट

मिशन कर्मयोगी के अंतर्गत आयोजित इस कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य खेल विषय पर आधारित स्पर्धा मॉड्यूल के लिए आवश्यक विषयों पर स्क्रिप्ट तैयार करना है। इसके लिए शारीरिक शिक्षा और व्यायाम से जुड़े अनुभवी प्रवक्ताओं तथा सहायक अध्यापकों को नामित किया गया है। पांच दिवसीय कार्यशाला में तैयार की जाने वाली सामग्री का उपयोग आगे मिशन कर्मयोगी के प्रशिक्षण और मॉड्यूल से जुड़ी गतिविधियों में किया जा सकता है। इस तरह यह कार्यशाला शिक्षकों की विषयगत विशेषज्ञता और डिजिटल प्रशिक्षण सामग्री तैयार करने की प्रक्रिया से जुड़ा महत्वपूर्ण कदम है।


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